Chandan Priyadarshi

An Ardent reader of almost every subject, An Avid Traveler, An Agnostic (Adwaitin) by faith, Hindu by Religion, Engineer by profession from the ancient city of Nalanda, Bihar, India.

Vedic Scripture (वैदिक वाङ्गमय) – उपवेद, वेदाङ्ग, स्मृति, दर्शन – 02

प्रस्तुत वीडियो, वैदिक वाङ्गमय की श्रृंखला का दूसरा वीडियो है जिसमे उपवेद, वेदाङ्ग, स्मृति और दर्शन ग्रंथो का संक्षिप्त परिचय...

अथर्ववेद – Atharvaveda – 4:40 – शत्रुनाशन सूक्त

अथर्ववेद संहिताअथ चतुर्थ काण्डम् ९०७. ये पुरस्ताज्जुह्वति जातवेदः प्राच्या दिशोऽभिदासन्त्यस्मान्।अग्निमृत्वा ते पराञ्चो व्यथन्तां प्रत्यगेनान् प्रतिसरेण हन्मि॥१॥हे जातवेदा अग्निदव! जो शत्रु...

अथर्ववेद – Atharvaveda – 4:39 – सन्नति सूक्त

अथर्ववेद संहिताअथ चतुर्थ काण्डम् ८९७. पृथिव्यामग्नये समनमन्त्स आर्ध्नोत्।यथा पृथिव्यामग्नये समनमन्नेवा मह्यं संनमः सं नमन्तु॥१॥धरती पर अग्निदेव के सम्मुख समस्त प्राणी...

अथर्ववेद – Atharvaveda – 4:38 – वाजिनीवान् ऋषभ सूक्त

अथर्ववेद संहिताअथ चतुर्थ काण्डम् * ८९०. उद्भिन्दतीं सञ्जयन्तीमप्सरां साधुदेविनीम्।ग्लहे कृतानि कृण्वानामप्सरां तामिह हुवे॥१॥उद्भेदन (शत्रु उच्छेदन अथवा ग्रन्थियों का निवारण करने...

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